संतुष्टि
इच्छा की पूर्ति से उत्पन्न
मन की अवस्था है।
ज्ञानमार्ग पर, संतुष्टि
ज्ञान का परिणाम है। जब
व्यक्ति को
आत्मज्ञान होता है, तो वह पूर्ण रूप से संतुष्ट होता है।
मुख्य शिक्षाएं
- संतुष्टि — मन की वह अवस्था जहां कोई इच्छा नहीं रहती।
- सांसारिक संतुष्टि अस्थायी है — इच्छा पूरी होने पर क्षणिक सुख, फिर नई इच्छा।
देखें