प्रक्रिया नियमित परिवर्तन पर आधारित एक अवधारणा है , जो मिथ्या है और उत्तरजीविता के लिए उपयोगी है ।
अनुभव की यदि कोई प्रक्रिया है तो वो स्वयं अनुभव होगी । इस प्रकार यहाँ प्रक्रिया की धारणा लागू नहीं है या अर्थहीन है ।
प्रक्रिया समय में होती है जो स्वयं अवधारणा या मिथ्या है ।
विज्ञान में अनुभव की प्रक्रियाओं की कई परिकल्पनाएं कर ली गईं हैं जो कभी-कभी उपयोगी होती हैं । जैसे नादविज्ञान में नाद की परिकल्पना ।